हवाई यात्रा नहीं किए हैं …

हम आज तक हवाई जहाज़ पर नहीं चढ़े हैं 😐 आपकी क़सम । जब कोई फ़ेसबुक पर हवाई अड्डा पर चेक इन करता है – कैसा कैसा दो मन करने लगता है । हमारे जैसा आदमी के अंदर हीन भावना आती है । 😐 फिर हम कल्पना करने लगते है…बचपन में छत से एकदम ऊँचाContinue reading “हवाई यात्रा नहीं किए हैं …”

सेंधमारी , चोरी और डकैती …

सेंधमारी , चोरी और डकैती :बचपन का गाँव याद आता है । भोरे भोरे एक हल्ला पर नींद ख़ुलती थी । बिना हवाई चप्पल के ही बाहर भागे तो पता चला रमेसर काका के घर सेंधमारी हुआ है । 😳 नयकी कनिया के घर में अर्धचंद्रकार ढंग से दीवार तोड़ – उनका गहना ग़ायब ।Continue reading “सेंधमारी , चोरी और डकैती …”